1 अप्रैल को किताबें, 31 दिसंबर को फूड डिलीवरी ऑर्डर… साल के इन 5 दिन भारतीयों ने दिल खोलकर किए खर्च

रेज़रपे रिपोर्ट के मुताबिक 2023-24 में म्यूचुअल फंड निवेश में 86 फीसदी का जबरदस्त इजाफा देखा गया, वहीं ट्रेडिंग के मूल्य में भी इस दौरान 62 परसेंट की अच्छी खासी बढ़ोतरी हुई है जबकि इंश्योरेंस प्रीमियम का भुगतान 56 प्रतिशत बढ़ गया है

बीते कारोबारी साल में भारतीयों के खर्च करने की आदत पर रेज़रपे (Razorpay) ने एक दिलचस्प रिपोर्ट जारी की है. रेज़रपे ने 1 अप्रैल, 2023 और 31 मार्च, 2024 के बीच अपने प्लेटफॉर्म पर हुए एककि लोगों ने अपना कितना पैसा किस सामान की खरीदारी पर खर्च किया है.  कि लोगों ने अपना कितना पैसा किस सामान की खरीदारी पर खर्च किया है.

इस रिपोर्ट में कहा गया है कि देश के लोग आज के लिए जीने के साथ-साथ आने वाले कल का ख्याल रखकर खर्च, बचत और निवेश करते हैं. रेज़रपे रिपोर्ट के मुताबिक 2023-24 में म्यूचुअल फंड निवेश में 86 फीसदी का जबरदस्त इजाफा देखा गया, वहीं ट्रेडिंग के मूल्य में भी इस दौरान 62 परसेंट की अच्छी खासी बढ़ोतरी हुई है जबकि इंश्योरेंस प्रीमियम का भुगतान 56 प्रतिशत बढ़ गया है.

आज मस्त, कल का ख्याल रखकर खर्च!

वैसे ये तीनों ही फाइनेंशियल सेगमेंट हैं और इनका सीधा संबंध भविष्य की वित्तीय प्लानिंग से जुड़ा है. लेकिन भविष्य की तैयारी करते समय भारतीय अपने ऊपर खर्च करना भी नहीं भूले हैं. रेज़रपे के मुताबिक ‘जवान’ और ‘ओपेनहाइमर’ जैसी ब्लॉकबस्टर फिल्मों के चलते एक साल में मल्टीप्लेक्स लेनदेन में 42 फीसदी का इजाफा हुआ है. हवाई यात्रा पर खर्च में भी इस दौरान 2.4 गुना इजाफा हुआ है. वहीं घर पर खर्च  किया गया पैसा भी 29 फीसदी बढ़ गया है. रेज़रपे रिपोर्ट में भारतीयों की स्वास्थ्य और कल्याण पर बढ़ते खर्च का भी जिक्र किया गया है. 2023-24 में भारतीयों ने खानपान पर अपने खर्च में 125 फीसदी का जबरदस्त इजाफा किया है. इसमें ज्यादातर खर्च सेहत से जुड़े खाने के सामान पर किया गया है.

संतुलित जीवनशैली अपना रहे हैं भारतीय

रेज़रपे रिपोर्ट के मुताबिक 2023-24 में 5 दिन लोगों ने अलग-अलग सामानों पर जमकर रकम खर्च की. इनमें नए साल की पूर्व संध्या पर दोगुने ऑनलाइन फूड ऑर्डर किए गए और 31 दिसंबर 2023 को फूड डिलीवरी ऑर्डर औसत से 60 फीसदी ज्यादा रहे. 1 अप्रैल को किताबों की दुकानों के लिए साल का सबसे व्यस्त दिन रहा और इस दिन इन-स्टोर बुक लेनदेन दैनिक औसत से 3 गुना ज्यादा हो गया.

भी ज्यादा रही. इसके बाद 19 नवंबर को विश्व कप में भारत का मुकाबला ऑस्ट्रेलिया से हुआ और इस दिन लाखों लोग अपने टेलीविजन सेटों भी ज्यादा रही. इसके बाद 19 नवंबर को विश्व कप में भारत का मुकाबला ऑस्ट्रेलिया से हुआ और इस दिन लाखों लोग अपने टेलीविजन सेटों से चिपके बैठे रहे जिससे कैब भुगतान दोपहर 2 से 10 बजे के बीच 28 फीसदी कम हो गया. यानी भारतीय अब खुलकर खर्च कर रहे हैं तो अपनी सेहत के प्रति जागरुक भी हो रहे हैं. वहीं अब ये बचत के साथ साथ निवेश को भी अपनी ज़िंदगी में अहम स्थान दे रहे हैं. कुल मिलाकर देखा जाए तो भारतीय अब ज्यादा संतुलित जीवन जीने की तरफ तेजी से कदम बढ़ा रहे हैं.

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

और पढ़ें