नई दिल्ली, 03 मई। Lok Sabha Elections : लोकसभा चुनाव में कांग्रेस ने नामांकन के अंतिम वक्त अपने पत्ते खोल दिए हैं। पार्टी ने रायबरेली से राहुल गांधी और अमेठी से किशोरी लाल शर्मा को उम्मीदवार घोषित किया है। दोनों नामों की लिस्ट आ गई है। राहुल गांधी अब तक अमेठी से चुनाव लड़ते हैं। इस बार पार्टी ने उनकी सीट बदल दी है। जबकि केएल शर्मा पहली बार चुनावी मैदान में होंगे।
सोनिया गांधी की करीबी
शर्मा को सोनिया गांधी का करीबी माना जाता है। वो अब तक रायबरेली में सांसद प्रतिनिधि के रूप में जिम्मेदारी संभालते आए हैं। सात चरण के आम चुनाव के पांचवें फेज में 20 मई को अमेठी और रायबरेली सीट पर मतदान होगा। ये दोनों सीटें परंपरागत रूप से गांधी-नेहरू परिवार के सदस्यों के पास रही हैं। पहली बार पार्टी ने अमेठी से गैर गांधी परिवार से उम्मीदवार बनाया है।
अमेठी और रायबरेली में नामांकन की तैयारी पूरी हो गई है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे भी नामांकन प्रक्रिया में शामिल होने के लिए रायबरेली जा रहे हैं। खड़गे सुबह 10:30 बजे रायबरेली पहुंचेंगे।
स्मृति ईरानी से होगी टक्कर
शर्मा को सोनिया गांधी का करीबी माना जाता है। वो अब तक रायबरेली में सांसद प्रतिनिधि के रूप में जिम्मेदारी संभालते आए हैं। सात चरण के आम चुनाव के पांचवें फेज में 20 मई को अमेठी और रायबरेली सीट पर मतदान होगा। ये दोनों सीटें परंपरागत रूप से गांधी-नेहरू परिवार के सदस्यों के पास रही हैं। पहली बार पार्टी ने अमेठी से गैर गांधी परिवार से उम्मीदवार बनाया है।
अमेठी और रायबरेली में नामांकन की तैयारी पूरी हो गई है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे भी नामांकन प्रक्रिया में शामिल होने के लिए रायबरेली जा रहे हैं। खड़गे सुबह 10:30 बजे रायबरेली पहुंचेंगे।
स्मृति ईरानी से होगी टक्कर
बता दें कि अमेठी से बीजेपी की सांसद स्मृति ईरानी एक बार फिर चुनावी मैदान में हैं। जबकि रायबरेली से बीजेपी ने दूसरी बार दिनेश प्रताप सिंह पर भरोसा जताया है। दिनेश 2019 का चुनाव हार गए थे। 2019 में रायबरेली से कांग्रेस नेता सोनिया गांधी (Lok Sabha Elections) ने जीत हासिल की थी।
कांग्रेस से केएल शर्मा होंगे अमेठी से उम्मीदवार
2014 और 2019 में अमेठी सीट पर राहुल गांधी और स्मृति ईरानी के बीच चुनावी मुकाबला देखा गया। 2014 में राहुल ने जीत हासिल की थी। जबकि 2019 में स्मृति ईरानी ने बड़ा उलटफेर किया था और पहली बार जीत हासिल की थी। इस बार कांग्रेस ने अमेठी में नया दांव खेला है और अपने करीबी किशोरीलाल शर्मा को मैदान में उतारकर चौंका दिया है।
पार्टी ने इस बार राहुल गांधी की यूपी में सीट बदल दी है। राहुल को गांधी परिवार की दूसरी परंपरागत सीट रायबरेली से चुनाव मैदान में उतारा गया है। सूत्रों का कहना है कि राहुल गांधी के नामांकन प्रक्रिया में कांग्रेस संसदीय दल की प्रमुख सोनिया गांधी शामिल हो सकती हैं।
रायबरेली सीट इसलिए अहम
2019 के चुनाव में कांग्रेस यूपी की जो एक सीट जीत सकी थी, वो रायबरेली सीट ही थी। इस सीट से सोनिया गांधी संसद पहुंची थीं। सोनिया गांधी इस बार लोकसभा चुनाव नहीं लड़ रही हैं। वे राजस्थान से राज्यसभा पहुंच चुकी हैं। दरअसल, सोनिया गांधी ने 2019 में घोषणा की थी कि यह उनका आखिरी लोकसभा चुनाव होगा।
वे 1999 में कांग्रेस अध्यक्ष बनने के बाद पहली बार अमेठी से चुनाव लड़ी थीं और जीत हासिल की थी। उसके बाद 2004 में वो पहली बार रायबरेली से चुनाव लड़ीं और जीतीं। सोनिया गांधी कुल पांच बार सांसद चुनी (Lok Sabha Elections) गईं।










