इस्लामाबाद
पाकिस्तान ने भारत में पंजीकृत और भारतीय एयरलाइनों के विमानों को अपने हवाई क्षेत्र में प्रवेश करने पर लगी रोक को एक महीने के लिए और बढ़ा दिया है। अब यह प्रतिबंध 24 नवंबर 2026 तक लागू रहेगा। पाकिस्तान एयरपोर्ट अथॉरिटी (PAA) ने शनिवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करके इस फैसले की जानकारी दी। अथॉरिटी के अनुसार, यह रोक सिर्फ आम यात्री विमानों पर ही नहीं, बल्कि सैन्य उड़ानों पर भी लागू होगी। नई समय-सीमा के मुताबिक, प्रतिबंध 24 नवंबर 2026 को सुबह 4 बजकर 59 मिनट (स्थानीय समय) तक रहेगा। इसके बाद ही यह रोक हटेगी या फिर आगे बढ़ाई जाएगी, यह फैसला बाद में लिया जाएगा।
बता दें कि यह हवाई क्षेत्र बंद करने का फैसला पहली बार 23 अप्रैल 2025 को लिया गया था। उस समय से अब तक दोनों देशों के बीच संबंध तनावपूर्ण बने रहने के कारण पाकिस्तान ने इस प्रतिबंध को कई बार बढ़ाया है। हर बार एक महीने या कुछ समय के लिए इसे बढ़ाया जाता रहा है। पीएए ने साफ किया कि भारतीय विमानों को पाकिस्तानी हवाई क्षेत्र में उड़ान भरने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
पहलगाम हमले के बाद बढ़ा तनाव
यह पूरा मामला अप्रैल 2025 में जम्मू-कश्मीर के पहलगाम इलाके में हुए आतंकी हमले से जुड़ा है। उस हमले के बाद भारत और पाकिस्तान दोनों ने एक-दूसरे के विमानों के लिए अपना हवाई क्षेत्र बंद कर दिया था। भारत ने आरोप लगाया था कि इस हमले में पाकिस्तान की भूमिका थी, जबकि पाकिस्तान ने इन आरोपों को पूरी तरह से नकार दिया था। दोनों देशों के बीच कूटनीतिक बातचीत रुक गई और सैन्य तनाव भी बढ़ गया। भारत ने पाकिस्तान के इस कदम के जवाब में 30 अप्रैल 2025 को पाकिस्तानी विमान कंपनियों के लिए अपना हवाई क्षेत्र बंद कर दिया था। यानी दोनों देशों ने एक-दूसरे के विमानों को अपने आसमान में आने से रोक दिया है।
एक्स पर पोस्ट कर दी गई जानकारी, नागरिक और सैन्य उड़ानों पर रहेगी रोक
पाकिस्तान एयरपोर्ट्स अथॉरिटी ने X पर पोस्ट कर बताया कि यह पाबंदी न सिर्फ नागरिक विमानों बल्कि सैन्य उड़ानों पर भी लागू रहेगी। अथॉरिटी के अनुसार, नया आधिकारिक विमानन नोटिस जारी कर रोक को बढ़ाया गया है। जीओ न्यूज ने भी इसकी पुष्टि की है। यह प्रतिबंध मूल रूप से 23 अप्रैल 2025 को लगाया गया था और तब से समय-समय पर बढ़ाया जाता रहा है।
पहलगाम हमले के बाद शुरू हुई थीं आपसी हवाई पाबंदियां
दोनों देशों के बीच आपसी हवाई पाबंदियां अप्रैल 2025 में जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद शुरू हुई थीं। भारत ने पाकिस्तान पर हमले में संलिप्तता का आरोप लगाया था, जिसे इस्लामाबाद ने खारिज कर दिया। इसके जवाब में भारत ने 30 अप्रैल 2025 को पाकिस्तानी एयरलाइनों के लिए अपना हवाई क्षेत्र बंद कर दिया था। पाकिस्तान का हवाई क्षेत्र कराची और लाहौर फ्लाइट इंफॉर्मेशन रीजन में बंटा है और नई रोक दोनों क्षेत्रों पर लागू है।
ऐतिहासिक रूप से देखें तो दोनों देश पहले भी तनाव के समय ऐसे कदम उठा चुके हैं। 1999 के कारगिल संघर्ष और 2019 के पुलवामा संकट के दौरान भी पाकिस्तान ने भारतीय विमानों के लिए अपना आसमान बंद किया था। मौजूदा पाबंदी से एयरलाइनों को वैकल्पिक और लंबे रूट अपनाने पड़ रहे हैं, जिससे ईंधन की लागत बढ़ती है और उड़ान का समय भी ज्यादा लगता है। यात्रियों को भी अप्रत्यक्ष रूप से इसका बोझ सहना पड़ता है।
24 नवंबर तक प्रभावी रहेगा फैसला
पाकिस्तान का यह ताजा फैसला 24 नवंबर 2026 सुबह 4:59 बजे स्थानीय समय तक प्रभावी रहेगा। विशेषज्ञों का मानना है कि जब तक द्विपक्षीय संबंधों में सुधार नहीं आता, ऐसे प्रतिबंध जारी रह सकते हैं। दोनों देशों के बीच व्यापार, पर्यटन और आम लोगों के आवागमन पर भी इसका असर पड़ता है। हवाई संपर्क सामान्य होने से न सिर्फ समय और पैसे की बचत होती बल्कि तनाव कम करने में भी मदद मिलती। फिलहाल दोनों तरफ से कोई नरमी का संकेत नहीं दिख रहा










