MP में सड़ गया 5.76 क्विंटल अनाज ठिकाने लगाने खाद्य विभाग ने जारी किया टेंडर कांग्रेस बोली- अब नया माफिया पनपन चुका, बीजेपी ने किया पलटवार

कुपोषण का दंश झेल रहे मध्यप्रदेश में सरकारी लापरवाही से 5.76 लाख क्विंटल अनाज सड़ गया बर्बादी और लापरवाही का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि यह अनाज जानवरों के खाने तक का नहीं रह गया। लिहाजा खाद एवं नागरिक आपूर्ति विभाग को सड़ चुके अनाज को ठिकाने लगाने के लिए टेंडर जारी करना पड़ा। समर्थन मूल्य पर खरीदे इस अनाज को अब सरकार मजह दो रुपये से लेकर 16 रुपये प्रति किलो में बेचेगी इस अनाज में गेहूं ज्वार और बाजरा शामिल है

यह भी भ्रष्टाचार का एक तरीका- कांग्रेस

आंकड़े बताते हैं कि बीते चार सालों में 16 लाख 34 हजार टन अनाज खराब हो चुका है। इसके बाद भी सरकार के साथ जिम्मेदार अफसर चेते नहीं। अन्नदाता के पसीने से उगाने वाली इस खरी कमाई की बर्बादी को लेकर सियासत भी शुरू हो गई है। कांग्रेस ने दावा किया कि यह भी भ्रष्टाचार का एक तरीका है। कांग्रेस के प्रदेश प्रवक्ता जिंतेंद्र मिश्रा ने कहा कि खराब फसलों की आड़ में बड़े-बड़े उद्योगपतियों को लाभ पहुंचाने का तरीका है। ऐसे ही सरकारी राजस्व को करोड़ों-अबरों का चुना लगाया जा रहा है तो उद्योगपतियों को लाभ

कांग्रेस बोली- प्रदेश में अब नया माफिया पनप चुका है

यह आरोप भी लगाया कि केंद्रीय समिति खराब अनाज को लेकर जांच की थी। साथ ही कई जिम्मेदार अफसरों पर कार्रवाई का निर्देश भी दिया गया था। इसके बाद भी सरकार ने किसी भी दोषी अधिकारी के खिलाफ कदम नहीं उठाया। पीडीएस घपलों में भी सरकार ने चुप्पी साधी थी। ऐसे घोटालों के लिए अफसर भी मोटी रकम चुकाकर पोस्टिंग खरीदते हैं। फिर ऐसे मामलों से दी रकम की वसूली भी की जाती है। यह भी कहा कि प्रदेश में अब नया माफिया पनपन चुका है। जिसका नाम अनाज माफिया है इस माफियाओं में बीजेपी के भी कई बड़े-बड़े लोगों के नाम शामिल हैं

भाजपा ने किया पलटवार

वहीं कांग्रेस के आरोप पर बीजेपी ने पलटवार किया। भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता शिवम शुक्ला ने कहा कि कृषि के मामले में प्रदेश लगातार उन्नति कर रहा है। किसानों की दोगुनी आय के लिए प्रदेश में डबल इंजन की सरकार काम कर रही है। बीजेपी ने यह भी माना कि व्यवस्था की खामियों को धीरे-धीरे ही दूर किया जाता है। इस दिशा में सरकार तेजी से कदम भी बढ़ा रही है। मोहन सरकार में किसी भी दोषी अधिकारी को छोड़ा नहीं जाएगा

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